आज के समय में दोस्तों टेंशन के अलवावा जिंदगी में कुछ नहीं बचा है जिसके पास पइसा नहीं है वो इस टेंशन में है की पइसे कैसे कमाऊ। और जिसके पास बहुत पइसे है वो इस बात की चिंता में है की आखिर इन पइसो को सम्भाल कर कैसे रखु तो कुल मिला कर देखा जाए तो आज के ज़माने में बस चिंता ही है. पर पुरे दिन में हम थोड़ी देर भी हिंदी शेर शायरी चुटकुले को पढ़े तो हमारी आधी चिंता दूर हो जाती है. ये बात तो आपको भी पता ही है. तभी तो ऐसी मजेदार शायरी आपके सामने ले कर आया हूँ तो पढ़ते रहिए हिंदी शेर शायरी चुटकुले। 


नखरे तुम्हारे तौउबा-तौउबा...

गजब आपका स्टाईल भी है....

मैसेज तो आप कभी करते नहीं.

बस हल्ला मचा रखा है कि......

हमारे पास भी मोबाईल भी है...


हिंदी शेर शायरी चुटकुले



तुम्हें पाने के लिए कुछ भी कर सकता हूँ...

तेरे प्यार में जी और मर भी सकता हूँ...

फिर भी तू नहीं मिली तो कोई गम नहीं.....

ये फार्मूला किसी और पर भी ट्राई कर सकता हूँ


यहां खुदा है, वहां खुदा है,

आस पास खुदा ही खुदा है,

और जहां खुदा नहीं है, वहां कल खुदेगा

नगरपालिका करमचारी....


कदम -कदम पर हवा की आहट का ध्यान रखना

मुश्किल समय में भी इस दोस्त को याद रखना

हमारी यादों की खुशबू आएगी जरूर...

तुम बस अपनी नाक साफ़ रखना..


तेरे चेहरे पर उदासी, आँखों में नमी है

तेरे चेहरे पर उदासी, आँखों में नमी है

टाटा नमक इस्तेमाल करो

क्योंकि ...आययोडीन की कमी है...!!!


अर्ज किया है........

डाली ने डाली पर नजर डाली

किसी ने इसपर डाली

तो किसी ने उसपर डाली

लेकिन हमने जिसपर डाली

उसके बाप ने उसकी शादी कहीं और करवा डाली


मोहब्बत के खर्चों की बड़ी लंबी कहानी है,

कभी फिल्म दिखानी है तो .......

कभी शॉपिंग करानी है,

मास्टर रोज कहता है कहाँ हैं फीस के पैसे..????

उसे कैसे समझाऊँ कि मुझे  उसकी छोरी पटानी है...


मेरी हसी का हिसाब कौन करेगा.

मेरी गलती को माफ़ कौन करेगा..

ऐ खुदा .....................

मेरे दोस्तों को सलामत रखना

वरना ....

न्यू इयर पार्टी में लुन्गी डांस कौन करेगा..


अर्ज़ किया है ..........

ना निकालो मेरा जनाज़ा उसकी गली से यारो

नहीं तो उसकी माँ बोलेगी ...

कमीना मरता मरता भी एक रांड और मार गया..


खिड़की से देखा तो रस्ते पर कोई नहीं था …

खिड़की से देखा तो रस्ते पर कोई नहीं था …

और रस्ते पर आकर देखा तो खिड़की पर कोई नहीं था ….


इससे ज्यादा दुश्मनी की इन्तहा क्या होगी ...

ग़ालिब टोयलेट की टंकी में कोई.....

बर्फ डाल गया...


इस कदर उधार ले-ले कर खाया है हमने

कि दुकानदार भी हमारी जिंदगी की दुआ करते हैं


शायअर घर में पत्नी के साथ बैठा था 

तभी प्रेमिका का फ़ोन आता है 

शायअर का जवाब :

हवा की लहरें बनके मेरी कमरे की खिड़की को मत खटखटा 

में बंद खिड़की में ववण्डर संभाल कर बैठा हूँ


क्यूँ किसी की यादों में रोया जाए...

क्यूँ किसी के ख्यालों में खोया जाए...

वाहर ठंड बहुत ज्यादा है....

क्यूँ न रजाई तानकर सोया जाए.......


तेरी हसरत दुआ बन कर रह जायेगी

तेरी किस्मत जुआ बनकर रह जायेगी

तू प्यार करता है जिससे , है ग़ालिब ....

एक दिन तेरे बच्चों की बुआ बनकर रह जायेगी


वो बेवफा होती तो यारों

बात और थी..

उसकी वफ़ा से ही दिल में जखम है।

हर दुसरे दिन मैसेज आ जाता है उसका ...

मोबाइल रिचार्ज करा दो बैलेंस कम है.... 


इस गर्मी की वजह से हालात ऐसे हो गये हैं कि

आजकल तजुरबा लिखा हुआ भी पढ़ने में तरबूजा ही आता है


ऐ दोस्त विस्की को कफ़न में बाँध ला

कब्र में पिया करेंगे

इन लड़कियों से मिला है धोखा

चुउड़ैलों से सेटिंग किया करेंगे.....


उम्र की राह में जज्बात बदल जाते है।

वक़्त की आंधी में ......

हालात बदल जाते है..

सोचता हूं काम कर-कर के रिकॉर्ड तोड़ दूं..

कमबख्त सैलेरी देख के ख्यालात बदल जाते हैं.


तेरी दुनिया में कोई गम ना हो,

तेरी खुशियाँ कभी कम न हो,

भगवान ऐसी आइटम दे.......तुझे 

जो चिकनी बिजली चमेली से कम ना हो 


यारों हम उन्हें मुड़-मुड़ कर देखते रहे,

और वो हमें मुड़-मुड़ कर देखते रहे,

वो हमें, हम उन्हें, वो हमें, हम उन्हें, वो हमें,

क्योंकि ...

परीक्षा में ना उन्हें कुछ आता था न हमे


अर्ज किया है 

यू ना किसी के दिल से खेलो

रिप्लाई नहीं देना है तो फोन बेचकर रेडियो लेलो


मोहब्बत के चर्चे बहुत हैं यारों,

हुस्न के पर्चे बहुत है यारों,

मोहब्बत करने से पहले सोच लेना,

क्योंकि इसमें खर्चे बहुत है यारों।


आधियों से कहो औकात में रहें

यहाँ जरा सा तार हिल जाने से

बिज़ली चली जाती है


जुल्फों में फूलों को सजा के आयी,

चेहरे से दुपट्टा उठा के आयी,

किसी ने पूछा आज बड़ी खुबसूरत लग रही है,

हमने कहा शायद आज नहा के आयी.....


हंसी के लिए गम कुर्बान

ख़ुशी के लिए आंसू कुर्बान,

दोस्त के लिए जान भी कुर्बान,

और अगर दोस्त की गर्लफ्रेंड मिल जाए तो,

साला दोस्त ही कुरबान.....


दूर से देखा तो एक शेर था

दूर से देखा तो एक शेर था

दूर से देखा तो एक शेर था

इसलिए तुम्हारा भाई पास गया ही नहीं.......


जिंदगी लम्बी है सदा मुस्कुराते रहो

हर कदम पे दोस्त बनाते रहो

दिल मिले ना मिले हाथ मिलाते रहो

ताज महल बनाना तो बहुत कोस्टली है

पर......

हर गली में कोई ना कोई मुमताज बनाते रहो


तेरी जिंदगी में कोई गम ना हो

तेरी आँखें कभी नम ना हों

दुआ है मेरी, तुझें मिले ऐसी दुल्हन

जिसका वजन डेढ़ किनटल से कम ना हो


मेरे दोस्त तुम भी करा करो शाअयरी

तुम्हारा भी नाम होगा

जब तुमपर भी पड़ेंगे अंडे और टमाटर

तो शाम की सब्जी का इंतजाम होगा



अर्ज किया है

यू ना किसी के दिल से खेलो

रिप्लाई नहीं देना है तो फोन बेचकर रेडियो लेलो


पलकों पे अपनी बैठाया है तुम्हें

बड़ी दुआ के बाद पाया है तुम्हें

आसानी से नहीं मिले हो आप

नेशनल जियोग्राफिक पार्क से चुराया है तुम्हें


कभी तो आएगी बेवफा मेरी कब्र पर

टांग पकड़ कर अंदर ना खींच लिया तो कहना


अर्ज़ किया है…

वो कहती अपने भाइयों से,

मेरे आशिक़ को यूँ ना पीटो,

ज़रा गौर फरमाइये…

वो कहती अपने भाइयों से,

मेरे आशिक़ को यूँ ना पीटो,

बड़ा ज़िद्दी है ये कमीना,

पहले कुत्ते की तरह घसीटो।


चिरागों में इतना नूर ना होता,

तो तनहा दिल मजबूर ना होता,

हम आपसे मिलने जरूर आते,

अगर आपका घर इतना दूर ना होता।


ना वफा का जिकर होगा,

ना वफा कि बात होगी,

अब मोहब्बत जिससे भी होगी,

गेहूँ काटने के बाद होगी..


आँखों से आसुओं की विदाई कर दो,

दिल से ग़मों की जुदाई कर दो,

अगर फिर भी दिल न लगे कही,

तो मेरे घर की पुताई कर दो…।


मोहब्बत हमने उसी दिन छोड़ दी थी ग़ालिब…

जब उसने कहा था कि....

पप्पियों के पैसे अलग और झप्पियों के अलग.


मेरी सांसो में जो समाया बहुत लगता है,

वही शख्स मुझे पराया भी बहुत लगता है,

उनसे मिलने की तमन्ना तो बहुत है मगर,

आने-जाने में किराया बहुत लगता है